वित्त वर्ष 2024-2025 के आम बजट में दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग को कुल 1,225.27 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, जो पिछले वर्ष के संशोधित अनुमान 1,225.01 करोड़ रुपये से 0.02 प्रतिशत मामूली अधिक है।
दिव्यांगजनों के जीवन को बेहतर बनाने के उद्देश्य से बजट में विभिन्न योजनाओं और परियोजनाओं के जरिए प्रमुख कार्यक्रमों को जारी रखने और विस्तार देने पर जोर दिया गया है।
बजट का एक महत्वपूर्ण हिस्सा दिव्यांगजनों के कल्याण के लिए राष्ट्रीय कार्यक्रम को समर्पित है, जिसके तहत इस वित्त वर्ष में 615.33 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, जो 2023-24 के संशोधित बजट में 502 करोड़ रुपये से अधिक है।
दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग को वित्त वर्ष 2024-25 में कुल 1,225.27 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं जबकि पिछले वर्ष के संशोधित अनुमान में यह 1,225.01 करोड़ रुपये था।
इस कार्यक्रम में दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण खरीदने के लिए सहायता की खातिर 315 करोड़ रुपये शामिल हैं। दीनदयाल दिव्यांग पुनर्वास योजना में 130 करोड़ रुपये से 165.00 करोड़ रुपये की उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है।
इसके साथ ही, दिव्यांगजन अधिनियम के कार्यान्वयन की योजना के लिए 135 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, जो पिछले वर्ष के संशोधित अनुमान 67 करोड़ रुपये से दोगुना से भी अधिक है।
शैक्षणिक सहायता प्राथमिकता बनी हुई है और दिव्यांग छात्रों की छात्रवृत्ति के लिए 142.68 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं। यह पिछले वर्ष के 155 करोड़ रुपये से थोड़ा कम है, लेकिन उच्च शिक्षा के अवसरों के माध्यम से दिव्यांग छात्रों को सशक्त बनाने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
दिव्यांग खेल प्रशिक्षण केंद्र के लिए राशि 76 करोड़ रुपये से घटाकर 25 करोड़ रुपये कर दी गयी है।



