पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) प्रमुख इमरान खान को लगभग एक महीने बाद अपनी बहन डॉ. उजमा खातून से मिलने की अनुमति मिल गई है। रिपोर्टों के अनुसार, डॉ. उजमा रावलपिंडी की अदियाला जेल पहुंचीं, जहां उन्हें इमरान खान से मुलाकात की इजाजत दी गई। हालांकि उज्मा खातून अब इमरान खान से मिलकर बाहर आ चुकीं हैं और उन्होंने जेल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि जेल में इमरान खान को मेंटल टॉर्चर किया जा रहा है। साथ ही, यह भी बताया कि इमरान खान जेल के भीतर बहुत गुस्से में हैं।
जेल परिसर के बाहर सुरक्षा कड़ी
अदियाला जेल परिसर के आसपास सुरक्षा व्यवस्था को अभेद बना दिया गया है। जेल तक जाने वाले सभी रास्तों को कंटेनरों और ट्रकों से ब्लॉक कर दिया गया है। हर रास्ते पर पुलिस और रेंजर्स की भारी तैनाती की गई है, और सिर्फ अधिकृत लोगों को ही आगे बढ़ने दिया जा रहा है। इसके बावजूद जेल के बाहर PTI समर्थकों की भारी भीड़ जमा है, जो लगातार नारेबाजी कर रही है।
रावलपिंडी में धारा 144 लागू
रावलपिंडी प्रशासन ने किसी भी तरह की रैली या प्रदर्शन पर रोक लगाने के लिए धारा 144 लागू कर दी है। रिपोर्टों के अनुसार, स्थानीय अधिकारियों ने ‘शूट एट साइट’ (देखते ही गोली चलाने) के आदेश जारी किए हैं ताकि हिंसा या तोड़फोड़ की स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके। पेशावर में भी प्रशासन ने इसी तरह के निर्देश जारी किए हैं।
PTI समर्थकों की नारेबाजी जारी
कड़े प्रतिबंधों और सुरक्षा बंदोबस्त के बावजूद PTI समर्थक पीछे हटने को तैयार नहीं हैं। जेल के बाहर बड़ी संख्या में समर्थक मौजूद हैं और लगातार सरकार विरोधी नारे लगाए जा रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे तब तक नहीं हटेंगे जब तक इमरान खान को रिहा नहीं किया जाता।
प्रशासन की सख्त निगरानी
अदियाला जेल के बाहर का माहौल लगातार तनावपूर्ण बना हुआ है। PTI समर्थकों और पुलिस के बीच टकराव की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने सभी सुरक्षा एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रखा है। इमरान खान की बहन उजमा की यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब पार्टी नेतृत्व और समर्थकों पर सरकार की कड़ी कार्रवाई जारी है। प्रशासन की कोशिश है कि किसी भी स्थिति में कानून-व्यवस्था बिगड़ने न पाए।



