Saturday, February 7, 2026
Google search engine
HomeCurrent NewsGold & Silver Price Today : सोना-चांदी की कीमतों में आई महागिरावट,...

Gold & Silver Price Today : सोना-चांदी की कीमतों में आई महागिरावट, जानें कहां तक पहुंचे आज के ताजा रेट

पिछले कई महीनों तक रॉकेट की रफ्तार से बढ़ती रही सोना और चांदी की कीमतें अचानक धीमी पड़ गईं, जिससे न केवल आम निवेशक बल्कि मार्केट के विशेषज्ञ भी चौंक गए। एमसीएक्स (MCX) पर सोने की कीमत, जो एक दिन पहले ₹1,93,096 प्रति 10 ग्राम के ऐतिहासिक उच्च स्तर पर थी, अचानक गिरकर ₹1,67,406 तक पहुँच गई, यानी करीब 13 फीसदी की बड़ी गिरावट। वहीं चांदी, जो ₹4,20,048 प्रति किलो तक पहुँच चुकी थी, एक ही दिन में लगभग 21 फीसदी गिरकर ₹3,32,002 पर बंद हुई।

सख्त मौद्रिक नीति का असर

निवेशकों का मानना है कि संभावित सख्त मौद्रिक नीतियों के कारण ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद कम हो रही है। जब ब्याज दरें अधिक होती हैं या कटौती की संभावना कम होती है, तो डॉलर मजबूत होता है। डॉलर इंडेक्स 0.4 फीसदी बढ़कर 96.60 तक पहुँच गया, जिससे सोना और चांदी की कीमतों पर दबाव पड़ा और वैश्विक स्तर पर बिकवाली शुरू हो गई।

मुनाफावसूली की वजह से गिरावट

जनवरी के 29 दिनों में चांदी 42 फीसदी तक उछल चुकी थी, जो किसी एक महीने की अब तक की सबसे बड़ी तेजी मानी जाती है। सोना भी डॉलर के संदर्भ में 15 फीसदी बढ़ चुका था, जो 1999 के बाद की सबसे बड़ी मासिक तेजी थी। जब कोई संपत्ति इतनी तेजी से बढ़ती है, तो वह ‘ओवरबॉट’ क्षेत्र में पहुंच जाती है।

विशेषज्ञों का कहना है कि बाजार बस एक बहाने की तलाश कर रहा था और केविन वॉर्श की खबर ने वह बहाना दे दिया। निवेशकों ने ऊँचे स्तरों पर मुनाफा निकालना शुरू किया और इसी वजह से सोना और चांदी की कीमतों में तेज गिरावट आई।

क्या तेजी का दौर हो गया खत्म ?

सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या सोने का ‘स्वर्ण युग’ समाप्त हो गया है? ज्यादातर विशेषज्ञ इस संभावना से इंकार करते हैं। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो, प्लसकैश (PlusCash) के सीईओ प्रणव कुमार का कहना है कि यह सिर्फ लंबी तेजी के बाद आने वाला सामान्य ठहराव है और सोने की बुनियादी मजबूती अभी भी बरकरार है।

निवेशकों के लिए सुझाव

यदि आप इस गिरावट को देखकर सोने-चांदी खरीदने या बेचने का सोच रहे हैं, तो विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहद जरूरी है। एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, आनंद राठी शेयर एंड स्टॉक ब्रोकर्स की एसोसिएट डायरेक्टर तन्वी कंचन कहती हैं कि निवेश को चरणबद्ध तरीके से करना समझदारी होगी। एक ही बार में सारा पैसा लगाने के बजाय SIP या कई चरणों में खरीदारी करने से जोखिम कम होता है। अपने कुल पोर्टफोलियो का केवल 5 से 10 फीसदी हिस्सा ही सोने और चांदी में निवेश करना चाहिए। चांदी फिलहाल अधिक अस्थिर है, जबकि सोना अपेक्षाकृत स्थिर माना जाता है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments