Wednesday, February 11, 2026
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‘गब्बर’ के आदेश पर परिवहन विभाग से पुलिस मुक्त, पुलिसकर्मियों को मूल कैडर में भेजने के आदेश

चंद्रशेखर धरणी, चंडीगढ़ : हरियाणा के परिवहन विभाग में तैनात पुलिस कर्मियों की अब विभाग से छुट्टी हो गई है। अनिल विज की पहल के बाद अब रीजन ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी यानि आरटीए में तैनात सभी पुलिस कर्मचारियों को उनके मूल कैडर में भेजने के आदेश जारी हो गए हैं। गत दिवस ट्रांसपोर्ट आयुक्त सीजी रजनी की ओर से यह आदेश जारी किए गए हैं। जारी आदेश में कहा गया है कि कॉन्स्टेबल, हेड कॉन्स्टेबल, असिस्टेंट सब इंस्पेक्टर समेत जितने भी पुलिस कर्मचारी डेपुटेशन पर आरटीए डिस्ट्रिक्ट ट्रांसपोर्ट ऑफिस समेत विभिन्न कार्यालयों में काम कर रहे हैं, वह अपने मूल कैडर में जाकर कार्यभार संभालें।

यह बोले थे विज

कैबिनेट मंत्री अनिल विज ने बीते दिनों कहा था कि सिविल और पुलिस अधिकारियों की ट्रेनिंग अलग-अलग होती है। इसलिए सिद्धांत यही कहता है कि पुलिस और सिविल को अपने-अपने विभाग में ड्यूटी करनी चाहिए, लेकिन कुछ लोग तिकड़म करके सिविल पदों पर आकर बैठ गए हैं। वे सिस्टम को नहीं समझते।

विज के मंत्री बनने पर हुई थी ट्रांसफर

परिवहन विभाग से पुलिस कर्मचारियों को हटाने को लेकर मुख्य सचिव को लिखे अनिल विज के पत्र के बाद परिवहन विभाग के प्रधान सचिव आईपीएस अधिकारी नवदीप सिंह विर्क को परिवहन विभाग से बदलकर खेल विभाग में तैनात कर दिया गया था। विर्क के स्थान पर परिवहन विभाग में आईएएस अधिकारी अशोक खेमका को अतिरिक्त मुख्य सचिव लगाया गया था।

ऐसे शुरू हुई थी कवायद

हरियाणा में मनोहर लाल के मुख्यमंत्री काल में आरटीए के पद पर लगे कुछ एचसीएस अधिकारियों को भ्रष्टाचार के मामले में गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद गैर एचसीएस अधिकारियों को विभाग में तैनात करने की शुरूआत हुई थी। उस दौरान परिवहन विभाग की कमान वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी शत्रुजीत कपूर के हाथों में थी। इसके अलावा मोटर व्हीकल अधिकारी के पदों पर पुलिस इंस्पेक्टर व सब इंस्पेक्टर की तैनाती की गई थी। उस समय से ही आरटीए में पुलिस कर्मियों की एंट्री शुरू हो गई थी। अब परिवहन विभाग अनिल विज के पास आने के बाद उन्होंने इस कवायद में बदलाव शुरू किया है।

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